सुल्तानपुर में आंधी-तूफान का कहर, 7 लोगों की दर्दनाक मौत; कहीं पेड़ गिरा तो कहीं खंभा बना मौत का कारण, खुशियां मातम में बदलीं

सुल्तानपुर जिले में बुधवार शाम अचानक आए तेज आंधी-तूफान और बारिश ने भारी तबाही मचा दी। अलग-अलग थाना क्षेत्रों में हुए दर्दनाक हादसों में दो मासूम बच्चों समेत 7 लोगों की जान चली गई, जबकि 21 लोग घायल हो गए। तेज हवाओं ने कहीं पेड़ गिरा दिया तो कहीं कच्ची दीवार ढह गई और कई जगह बिजली के खंभे जानलेवा साबित हुए।

बहन की शादी से पहले टूटा दुखों का पहाड़, महेंद्र की मौत
सबसे दिल दहला देने वाली घटना कुड़वार थाना क्षेत्र के पूरे शिववंश दुबे गांव की है, जहां 20 वर्षीय महेंद्र तिवारी की बिजली का खंभा गिरने से मौत हो गई। महेंद्र अपनी बहन की शादी के लिए 10 दिन पहले ही घर लौटा था और बुधवार को परिवार के साथ तिलक लेकर अलीगंज बाजार जाने वाला था, लेकिन उससे ठीक पहले हादसे ने उसकी जान ले ली। घर में जहां शादी की तैयारियां चल रही थीं, वहां अब मातम और चीख-पुकार का माहौल है।

ईंट गिरने से 8 साल की मासूम की मौत
बल्दीराय थाना क्षेत्र के कस्बा माफियात में 8 वर्षीय महिमा की दर्दनाक मौत हो गई। तेज आंधी के दौरान छप्परनुमा घर में ईंट गिरने से बच्ची गंभीर रूप से घायल हो गई और मौके पर ही उसकी मौत हो गई। महिमा कक्षा तीन की छात्रा थी, जिसकी अचानक मौत से परिवार सदमे में है।

पेड़ गिरने से दंपती पर टूटा कहर
इसी थाना क्षेत्र के सिंघनी गांव में तेज आंधी के दौरान पेड़ गिरने से 58 वर्षीय रामबरन की मौके पर ही मौत हो गई, जबकि उनकी पत्नी श्यामलली गंभीर रूप से घायल हो गईं। हादसे ने पूरे गांव को दहला दिया।

कच्ची दीवार गिरने से महिला की मौत, तीन बच्चे हुए अनाथ
हलियापुर थाना क्षेत्र के पूरे निधई तिवारी मजरे डोभियारा गांव में कच्ची दीवार और छप्पर गिरने से 35 वर्षीय रीता की मौत हो गई। रीता अपने पीछे तीन छोटे बच्चों को छोड़ गई हैं, जिससे परिवार पर दुखों का पहाड़ टूट पड़ा है।

दो मासूम घायल, एक बच्चे की मौत
अखंडनगर थाना क्षेत्र के बरामदपुर गांव में आठ वर्षीय सुरेमन की मौत हो गई, जबकि दो अन्य बच्चे गंभीर रूप से घायल हो गए। घायलों का इलाज अंबेडकरनगर में जारी है।

जामुन का पेड़ गिरने से महिला की मौत
बंधुआकला थाना क्षेत्र के अलीगंज दाऊदपुर गांव में घर के पास जामुन का पेड़ गिरने से 40 वर्षीय सुषमा गुप्ता की भी मौत हो गई।

कई गांवों में बिजली और रास्ते बाधित
तूफान के बाद जिले के कई इलाकों में पेड़ और बिजली के खंभे गिरने से रास्ते बाधित हो गए। बिजली आपूर्ति भी बुरी तरह प्रभावित हुई। प्रशासन की टीमें राहत और बचाव कार्य में जुटी हुई हैं।

जिले में पसरा मातम
इस प्राकृतिक आपदा ने सुल्तानपुर में कई परिवारों की खुशियों को पलभर में मातम में बदल दिया है। पूरे जिले में शोक का माहौल है और लोग लगातार नुकसान की भरपाई में जुटे हैं।

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